आयोग की गाइडलाइन से कई प्रधानों को झटका

यूपी पंचायत चुनाव 2020 

इस बार नहीं लड़ पाएंगे इलेक्शन

16 September 2020 

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में होने वाले पंचायत चुनाव की तैयारी शुरू हो गई है। राज्य निर्वाचन आयोग ने वैसे तो अभी चुनाव की तारीख का ऐलान नहीं किया है लेकिन वोटर लिस्ट तैयार करने का आदेश दे दिया
है। मंगलवार को इसका विस्तृत कार्यक्रम जारी कर दिया गया। राज्य निर्वाचन आयुक्त मनोज कुमार की ओर से जारी इस कार्यक्रम के अनुसार आगामी पहली अक्तूबर से बूथ लेबल आफिसर (बीएलओ) घर-घर जाकर वोटर लिस्ट की जांच करेंगे।

आगरा में 90 फीसदी पर लटकी तलवार 
इस बीच आगरा मंडल के सभी जिलों के 90 फीसदी प्रधान, बीडीसी और जिला पंचायत के सदस्य चुनाव नहीं लड़ पाएंगे। ऐसा उनके द्वारा चुनाव आयोग के नियमों का पालन न करने के कारण हो रहा है। चुनावी खर्च जमा न करने के कारण उन्हें
डिबार किया जा सकता है। इसको देखते हुए चुनाव लड़ने के इच्छुक लोगों ने सचिवालय में चक्कर काटने शुरू कर दिए हैं।
दरअसल, इसी साल नवंबर-दिसंबर में त्रिस्तरीय चुनाव होने थे, लेकिन कोरोना काल के कारण इसका फिलहाल टाला जा रहा है। अब ये चुनाव अगले साल अप्रैल-मई माह में होने की संभावना है। इसको लेकर उसी तरह से तैयारियां भी की जा रहीं हैं। इस बार नई गाइड लाइन तैयार की जा रही
है। इस गाइड लाइन के मुताबिक जिन प्रधानों, बीडीसी और जिला पंचायत सदस्वों द्वारा चुनाव खर्च का ब्यौरा नहीं दिया है। वह चुनाव नहीं लड़ पाएंगे। इसमें वह लोग भी शामिल हैं जो ये चुनाव लड़े तो थे, लेकिन हार गए थे। इन लोगों के चुनाव लड़ने से पहले नामांकन फार्म भरते समय इस बात का उल्लेख करना होगा कि पिछले चुनाव में उन्होंने जो खर्च किया था, उसका ब्यौरा संलग्न करना होगा। अन्यथा की स्थिति
में उन्हें डिबार घोषित कर दिया जाएगा। एडीएम वित्त एवं राजस्व योगेंद्र कुमार ने बताया कि लगभग 90 फीसदी लोगों के चुनावी खर्च का ब्यौरा नहीं दिया है। इन पर चुनाव लड़ने का संकट आ सकता है।

वोटर बनने को ऑनलाइन भी कर सकेंगे आवेदन
अपर निर्वाचन आयुक्त वेद प्रकाश वर्मा ने बताया कि पहली अक्तूबर से 12 नवम्बर तक बीएलओ घर-घर जाकर वोटर लिस्ट में शामिल वोटरों की गणना और नए वोटरों का सर्वेक्षण करेंगे। पहली अक्तूबर से
5 नवम्बर के बीच ऑनलाइन आावेदन करके भी वोटर बना जा सकेगा। राज्य निर्वाचन आयोग की वेबसाइट sec.up.nic.in पर ऑनलाइन प्राप्त आवेदन पत्रों की घर-घर जाकर जांच 6 नवम्बर से 12 नवम्बर के बीच की जाएगी।
29 दिसम्बर को प्रकाशित होगी फाइनल वोटर लिस्ट 13 नवम्बर से 5 दिसम्बर के बीच वोटर लिस्ट के ड्राफ्ट की कम्पयूटरीकृत पाण्डुलिपि तैयार की
जाएगी। 6 दिसम्बर को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट का प्रकाशन किया जाएगा। 6 दिसम्बर से 12 दिसम्बर से इस वोटर लिस्ट में अपने नाम व अन्य विवरण की लोग जांच कर सकेंगे। इसी अवधि में वोटर लिस्ट के
इस ड्राफ्ट की खामियों पर दावे और आपत्तियां मांगी जाएंगी। 13 दिसम्बर से 19 दिसम्बर के बीच इन दावों और आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा। 29 दिसम्बर को इस वोटर लिस्ट के फाइनल ड्राफ्ट का प्रकाशन किया जाएगा।
----

Comments

Popular posts from this blog

अब नोएडा में भी मेहमानों की लिस्ट हुई छोटी

अर्नब गोस्वामी को अंतरिम जमानत

पटाखों पर प्रतिबंध से निराश व्यापारियों की गुहार