कारागार की सुरक्षा भेदकर बंदी फरार
बांदा कारागार से बंदी फरार
लापरवाही में हेड वार्डेन सस्पेंड
डीआईजी जेल ने की कार्रवाई
लखनऊ। बांदा मंडल कारागार के सुरक्षा चक्रव्यूह को तोड़ते हुए निरुद्ध हिस्ट्रीशीटर फरार हो गया। बंदी के फरार होने की खबर मिलते ही जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। हिस्ट्रीशीटर के खिलाफ कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच करने लखनऊ से पहुंचे डीआईजी जेल बीआर वर्मा ने बंदियों की निगरानी में लापरवाही बरतने के आरोप में कारागार के हेडवार्डन को निलंबित कर दिया।
बांदा मंडल कारागार में निरूद्ध कमासिन थाना क्षेत्र के ममसीखुर्द गांव निवासी बच्छराज यादव पुत्र रंजीत गुरुवार को दोपहर 46 अन्य बंदियों के साथ बगिया कमान में भेजा गया था। बंदियों की सुरक्षा में कारागार के हेडवार्डर सत्येन्द्र सिंह और तीन होमगार्ड लगाए गए थे। मौका पाकर हिस्ट्रीशीटर बंदी बच्छराज भाग निकला। सुरक्षा में तैनात सिपाही और होमगार्ड को भनक तक नहीं लगी। जब शाम 6 बजे बगिया कमान के बंदियों को उनकी बैरिकों में भेजने के लिए वापस लाया गया तो गिनती में एक बंदी कम निकला। जेल अधिकारियों को जब इसकी जानकारी
हुई तो अफरातफरी मच गई। बाकी बंदियों को उनकी बैरिकों में भेज कर बच्छराज की तलाश की गई, लेकिन उसका पता नहीं चला।
मामला छिपाए रहे जेल अधिकारी
उधर जेल प्रशासन देर रात तक बंदी के भाग जाने की खबर को छिपाए रहा। मामला डीएम अमित सिंह बंसल के संज्ञान में आया तो उन्होंने सूचना डीआईजी जेल लखनऊ बीआर वर्मा को दी। शुक्रवार दोपहर डीआईजी जेल बांदा पहुंचे। उन्होंने जेल का गहन निरीक्षण कर बंदियों और जेल कर्मियों से पूछताछ की। बाद में उन्होंने मीडिया को बताया कि बगिया कमान के लिए जहां बंदी भेजे गए थे। वहां लगे दरवाजे में इतना गैप था कि साधारण व्यक्ति आसानी से निकल कर भाग सकता है। उन्होंने बंदी के फरार होने की यही बड़ी वजह बताई। कहा कि इस मामले में हेड वार्डन सत्येंद्र सिंह को निलंबित करते हुए ड्यूटी में साथ रहे तीन होमगार्डों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई के लिए जिला होमगार्ड कमांडेंट को पत्र लिखा है।
सात मामले दर्ज हैं बच्छराज के खिलाफ
कमासिन थानाध्यक्ष अंगीरा दुबे के मुताबिक फरार आरोपी के खिलाफ थाने में हत्या के प्रयास सहित 7 मुकदमे दर्ज हैं। दो बार वह तमंचों के साथ पकड़ा जा चुका है। बीती 14 जुलाई को कमासिन पुलिस ने उसे तमंचे के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा था। बच्छराज के खिलाफ बांदा कोतवाली में धारा 203 और 224 के तहत नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई है। कोतवाल दिनेश सिंह ने बताया कि फरार अपराधी की तलाश में पुलिस की कई टीमें संभावित ठिकानों में दबिश दे रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
कारागार को हासिल है सर्वश्रेष्ठ का खिताब
लखनऊ। प्रदेश में सबसे सुरक्षित माने जाने वाले चित्रकूट धाम के बांदा मंडल कारागार को हाल ही में प्रदेश सरकार ने सर्वश्रेष्ठ का खिताब दिया है।
बंदी के कारागार से फरार होने के बाद जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद होने के दावों की पोल खुल गई। बंदियों की निगरानी के लिए जेल परिसर में लगाए गए एक दर्जन सीसीटीवी कैमरे भी बेमतलब साबित हुए।
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